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गझल |
संताप |
काव्यरसिक |
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गझल |
कवी |
ऋत्विक फाटक |
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गझल |
जात आहे मार्ग टाळूनी तुला |
अजय अनंत जोशी |
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गझल |
बोलणे माझे ... |
अजय अनंत जोशी |
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गझल |
भेटत राहू |
केदार पाटणकर |
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गझल |
भक्तीविभोर....!! |
गंगाधर मुटे |
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गझल |
जशा कैक होत्या व्यथा गोंदलेल्या |
श्यामली |
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गझल |
गप्प नसती लोक काही नेमके पाहूनही |
सोनाली जोशी |
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गझल |
तुझ्याविना हे शहर तुझे |
वैभव जोशी |
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गझल |
मी मिटून डोळे कविता जागत असतो |
चित्तरंजन भट |
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गझल |
अढी कपाळावरील जेव्हा मनात गेली.. |
ज्ञानेश. |
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गझल |
..... पुन्हा पुन्हा ! |
जयश्री अंबासकर |
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गझल |
कधी र्हस्व माझाच मी दीर्घतो |
अजय अनंत जोशी |
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गझल |
रस्ता भरलेला असतो अन गर्दी साचत असते |
सोनाली जोशी |
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गझल |
हात माझे फुलांनी ही पोळले होते..... |
खलिश |
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गझल |
मी क्धी ना अड्वले |
अनिल रत्नाकर |
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गझल |
खुशाली |
आनंदयात्री |
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गझल |
मॄत्यू अर्धविरामावस्था |
अनंत ढवळे |
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कार्यक्रम |
नभाचे शब्द स्वच्छंदी - एक अप्रतिम मुशायरा - वृत्तांत |
बेफिकीर |
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गझलचर्चा |
काळानुरुप रचलेल्या अन नंतर कालबाह्य होणार्या गझलांविषयी...... |
कैलास |
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गझल |
काही वेळा..... |
बेफिकीर |
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गझललेख |
गालिब बेनकाब |
बेफिकीर |
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गझल |
पेटतो सोहळा... |
अजय अनंत जोशी |
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गझल |
तुझ्या येण्यामुळे |
अजय अनंत जोशी |
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गझल |
इथे असतीस तर तू..... |
बेफिकीर |