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गझल |
कधीतरी चांदण्यात दोघे.... |
प्रदीप कुलकर्णी |
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गझल |
आयुष्य तेच आहे - या मक्त्यावर आधारित |
अलखनिरंजन |
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गझल |
सोपे नसते |
कुमार जावडेकर |
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गझल |
मी तसा माणूस आहे |
विजय दि. पाटील |
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गझल |
येथे राज्य चालते माझे |
बेफिकीर |
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गझल |
मरण्यात अर्थ नाही |
गंगाधर मुटे |
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गझल |
दळण |
सुनेत्रा सुभाष |
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गझल |
खूप झाले, हे व्यथांना रोजचे.... |
जनार्दन केशव म्... |
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गझल |
संगतीला संगतीचा... |
मानस६ |
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गझल |
तुझा दोष नाही !! |
supriya.jadhav7 |
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गझल |
अशी वेळ आणू नको |
गौतमी |
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गझल |
देवास ज्ञात आहे (अल्लाह जानता है) |
कुमार जावडेकर |
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गझल |
आलीस पावसाची... |
मनीषा साधू |
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गझल |
मजकूर |
आनंदयात्री |
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गझल |
इतके दव त्या रस्त्यावरती पडले होते... |
ज्ञानेश. |
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गझल |
...शून्य माझी कलमकारी !! |
प्रदीप कुलकर्णी |
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गझल |
काही नवीन सुट्टे शेरः |
बेफिकीर |
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गझल |
वसंता.... |
गौतम.रा.खंडागळे |
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गझल |
ऐकत नाही आता हे मन... |
मधुघट |
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गझल |
ही गझल आणि एक सांगाडा |
भूषण कटककर |
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गझल |
कैफ हा ओसाड का इतका ? |
चित्तरंजन भट |
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गझल |
प्रवास |
इलोवेमे |
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गझल |
एकटाच मी ! |
प्रदीप कुलकर्णी |
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गझल |
तुझ्या आठवांना उजाळाच देतो... |
बहर |
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गझल |
असे करू नये १. |
तिलकधारीकाका |